हमारा वैदिक समाजवाद एवं अध्यात्मवाद एक संतुलित सार्वभौतिक व वैज्ञानिक संपूर्ण दर्शन है। भारतीय दर्शन में स्वयं के सुख से अधिक दूसरों के हित का चिन्तन है।